सनातन रक्षक परिषद द्वारा आयोजित सनातन सम्मान एवं गंगा महोत्सव का उद्घाटन आचार्य बालकृष्ण महाराज, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, महामंडलेश्वर स्वामी रूपेंद्र प्रकाश ने दीप प्रज्वलित ऋषिकुल आयुर्वैदिक कॉलेज के सभागार में किया गया। हरकी पौड़ी हरिद्वार से शुरू हुआ गंगा महोत्सव मां गंगा की आरती और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से गंगा की संस्कृति को लोगों तक पहुंचाना और मां गंगा के प्रति जागरूकता को लेकर गंगा महोत्सव का आयोजन लगातार 15 वर्षों से संचालित है।
केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि सनातन को आगे बढ़ाने के लिए लगातार सत्य ऑनलाइन और सनातन रक्षक परिषद भारत मे लगातार कार्य कर रहा है। यही नहीं लोगों में जागरूकता पहुंचाना सनातन के प्रति जागरूक करने के लिए लगातार कार्यक्रमों का आयोजन होता है। तीर्थ नगरी हरिद्वार में 16वां गंगा महोत्सव सनातन सम्मान समारोह 2025 में लोगों को और छोटी-छोटी उभरती बाल प्रतिभाओं को जागरूक करने का प्रयास किया गया। यही नहीं सत्य ऑनलाइन प्रोडक्शन के द्वारा सनातन को जागरूकता बढ़ाने के लिए एक भव्य फिल्म सनातन रक्षक का निर्माण किया जा रहा है। जो सभी वर्गों को एकजुट करने का मील का पत्थर साबित होगी।
आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि मां गंगा को विभिन्न रूपों में पूजा जाता है और सनातन धर्म में कर्म के सिद्धांतों को माना जाता है जिसके अनुसार व्यक्ति के कर्मों के आधार पर उसका अगला जन्म तय होता है धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष सनातन धर्म में जीवन के चार उद्देश्यों को माना जाता है। धर्म नैतिक जीवन के लिए अर्थ आर्थिक स्थिरता काम सुख और संतुष्टि और मोक्ष मुक्ति के लिए। आज सनातन धर्म फिर से खड़ा हो रहा है और उसका पूरा श्रेय आप सभी को जाता है। आचार्य ने कहा कि सनातन धर्म के मूल्यों को समझे हुए हम अपनी संस्कृति अपने देश और अपने समाज को मजबूत नहीं कर सकते हैं।
सनातन धर्म अनेकता में एकता की शक्ति है इसमें जातियों के लिए कोई जगह नहीं है। बस हमें यही समझना है। इस अवसर पर पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के महामंडलेश्वर स्वामी विनयानंद गिरी, राष्ट्रीय महामंत्री पुरुषोत्तम शर्मा, राष्ट्रीय सचिव स्वामी निर्मल दास, सुधांशु वत्स, मानवेंद्र सिंह, पंजाब के अध्यक्ष मजिन्दर सिंह, रविंद्र कौशिक, नरेश छेत्री, प्रवेश सैनी, आकांक्षा पाठक सचिव आदि लोग सम्मिलित रहे।